22 फ़रवरी 2013

कई दिनों से किसी का कोई ख़याल नहीं - नवीन

कई दिनों से किसी का कोई ख़याल नहीं
अजीब हाल है फिर भी हमें मलाल नहीं



कई दिनों से ये जुमला नहीं सुना हमने
भले भुला दे मगर कल्ब (दिल) से निकाल नहीं



तेरा ज़वाब न देना ज़वाब है लेकिन
मेरा सवाल न करना कोई सवाल नहीं



अब इस से बढ़ के तेरी शान में कहूँ भी क्या
तेरा कमाल यही है तेरी मिसाल नहीं



जनम के बाद दुबारा वली न बन पाये
क़ज़ा के बाद भी ओहदा हुआ बहाल नहीं











:- नवीन सी. चतुर्वेदी 

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